हिन्दू यदि इस बात को अब नहीं समझेगा, तो वह अपना भविष्य खुद चुन रहा है!

जर्मन लेखिका मारिया वर्थ ने साल 2015 में लिखे अपने ब्लॉग में इस्लाम एवं ईसाई धर्म पर प्रश्न उठाते हुए लिखा था कि "बेशक हिंदुओं को नरक में नहीं फेंका जाएगा।"