ईरान में गहराते संकट के बीच अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने एक बार फिर बड़ा बयान दिया है। डोनाल्ड ट्रंप ने ईरान के सर्वोच्च नेता अयातुल्ला अली खामेनेई के दशकों लंबे शासन को समाप्त करने की मांग की और कहा कि लगातार जारी जन आंदोलन और असंतोष के बीच इस मुल्क को नए नेतृत्व की जरूरत है।
अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप (Donald Trump) ने कहा, "ईरान में नई लीडरशिप खोजने का समय आ गया है।" उन्होंने यह टिप्पणी इस्लामिक देश में हफ्तों से चल रहे विरोध प्रदर्शनों के बाद कही। ये प्रदर्शन राजनीतिक दमन, आर्थिक कठिनाइयों और मानवाधिकारों के उल्लंघन को लेकर लोगों के गुस्से के कारण हो रहे हैं।
ट्रंप ने ईरान (Iran) की लीडरशिप की कड़ी आलोचना करते हुए उस पर हिंसा और डर के जरिए शासन करने का आरोप लगाया। कथित फांसी का जिक्र करते हुए अमेरिकी राष्ट्रपति ने कहा, "उन्होंने जो सबसे अच्छा फैसला लिया, वह यह था कि दो दिन पहले 800 से ज्यादा लोगों को फांसी नहीं दी।"
अमेरिकी राष्ट्रपति ने तर्क दिया कि ईरान (Iran) की मौजूदा लीडरशिप सत्ता में बने रहने के लिए दमन पर निर्भर है। ट्रंप ने अयातुल्ला अली खामेनेई पर देश को पूरी तरह से बर्बाद करने और असहमति को दबाने के लिए हिंसा का इस्तेमाल करने का आरोप लगाया।
ट्रंप ने कहा, "भले ही देश बहुत निचले स्तर पर ही क्यों न हो, लीडरशिप को अपने देश को ठीक से चलाने पर ध्यान देना चाहिए, न कि कंट्रोल बनाए रखने के लिए हजारों लोगों को मारना चाहिए।" इस दौरान अमेरिकी राष्ट्रपति ने अपना स्वयं का एक उदाहरण दिया। उन्होंने आगे कहा कि नेतृत्व सम्मान पर आधारित होता है, डर और मौत पर नहीं।
ट्रंप ने खामेनेई (Khamenei) को एक 'बीमार व्यक्ति' बताते हुए कहा कि ईरान की बुरी हालत उसकी मौजूदा लीडरशिप का नतीजा है। उन्होंने कहा कि ईरान (Iran) के शासकों की वजह से ही यह देश 'कहीं भी रहने के लिए सबसे खराब जगह' बन गया है।
इससे पहले, खामेनेई ने अपने एक बयान में कहा कि ईरान ने अमेरिका (America) और इजरायल को एक बार फिर हरा दिया है और उस बगावत को बुझा दिया है, जो वाशिंगटन व तेल अवीव की तरफ से भड़काई गई। खामेनेई ने अमेरिका पर ईरान को हड़पने के मकसद से अशांति की योजना बनाने का आरोप लगाया।
उन्होंने अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप को 'अपराधी' बताते हुए हालिया दंगों में हुई हत्याओं और तबाही का जिम्मेदार ठहराया। खामेनेई ने कहा कि ट्रंप ने व्यक्तिगत रूप से दखल दिया, सार्वजनिक रूप से टिप्पणी की, और सैन्य समर्थन का वादा करके दंगाईयों को प्रोत्साहित किया।
खामेनेई ने अपने बयान में कहा कि ईरान (Iran) युद्ध नहीं चाहेगा, लेकिन वह देश के अंदर और बाहर अशांति के लिए जिम्मेदार लोगों को सजा देने से पीछे नहीं हटेगा।
[PY]