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यश किसे मानते हैं अपनी सबसे बड़ी उपलब्धि?

यश के लिए, उनका परिवार और उनके माता-पिता का अर्थ ही उनके लिए दुनिया है। वह जो भी मेहनत करते हैं, उसे उनके माता पिता गर्वान्वित महसूस करें।

यश, अभिनेता (Yash, Facebook)

 भारतीय स्टार यश ने स्टारडम को हासिल करने के लिए अपना दिल और आत्मा लगा दिया। यश बड़ी विनम्रता से यह कहते हैं कि माता-पिता का आशीर्वाद, खुशी और उनकी आंखों में गर्व, उनके लिए सबसे बड़ी उपलब्धि है। यश के लिए, उनका परिवार और उनके माता-पिता का अर्थ ही उनके लिए दुनिया है। वह जो भी मेहनत करते हैं, उसे उनके माता पिता गर्वान्वित महसूस करें। यश निश्चित रूप से अपने सपने को जी रहे हैं।

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जो उन्हें नहीं जानते उनके लिए, यश बहुत विनम्र पृष्ठभूमि से आते हैं। उनके पिता बस कंडक्टर हुआ करते थे और उनकी मां एक गृहिणी थीं। दोनों ने घर की जरूरतों को पूरा करने और अपने बच्चों की चाह और इच्छाओं का पूरा करने के लिए बहुत मेहनत की। कभी-कभी खुद की जरूरतों को भी अनदेखा कर दिया था। इस तरह की कठिनाइयों के साथ आगे बढ़ते हुए, यश हमेशा अपने माता-पिता के लिए, उन्हें आसान और आरामदायक जीवन प्रदान करने के लिए जीवन में सब कुछ हासिल करने के लिए दृढ़ हैं। वह उनके सभी सपनों को साकार करना चाहते हैं।

2018 की सबसे धमाकेदार फिल्म ‘के.जी.एफ – चैप्टर 1 ‘। (KGF, Facebook)

अभिनेता से जुड़े एक करीबी ने कहा, “यश इस पीढ़ी के सेल्फ-मेड मैन का सबसे अच्छा उदाहरण है। कोई, जो अपने हाथ में कुछ भी नहीं के साथ शुरू करता है, वह धीरे-धीरे और नियमितता से अपना साम्राज्य खड़ा करता हैं, ईंट से ईंट, सरासर दृढ़ संकल्प लिए, जुनून और ईमानदारी के साथ। उनके माता-पिता को हमेशा न केवल उनकी उपलब्धियों पर गर्व रहा है, बल्कि उन्होंने हर कदम पर जिस तरह चुनौतियों को पार किया और एक व्यक्ति के रूप में विकसित हुए, उसपर।”

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धीरे-धीरे शुरू करते हुए, अपने परिश्रम, लगन और उपलब्धि को हासिल करने के साथ, यश एक मुकाम पर पहुंट गये और अब एक व्यापक रूप से पैन इंडिया अभिनेता के रूप में जाने जाते हैं।

और अब, सुपरस्टार केजीएफ की अपनी बहुप्रतीक्षित अगली कड़ी के लिए और रॉकी भाई के रूप में बड़े पर्दे पर वापसी के लिए तैयार हो रहे हैं।(आईएएनएस)

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प्रमुख हिंदू नेता और श्री नारायण धर्म परिपालन योगम के महासचिव वेल्लापल्ली नतेसन (wikimedia commons)

हमारे देश में लव जिहाद के जब मामले आते है , तब इस मुद्दे पर चर्चा जोर पकड़ती है और देश कई नेता और जनता अपनी-अपनी राय को वयक्त करते है । एसे में एक प्रमुख हिंदू नेता और श्री नारायण धर्म परिपालन योगम के महासचिव वेल्लापल्ली नतेसन ने सोमवार को एक बयान दिया जिसमें उन्होनें कहा कि यह मुस्लिम समुदाय नहीं बल्कि ईसाई हैं जो देश में धर्मांतरण और लव जिहाद में सबसे आगे हैं।

मीडिया रिपोर्ट के अनुसार एनडीए के सहयोगी और भारत धर्म जन सेना के संरक्षक वेल्लापल्ली नतेसन नें एक कैथोलिक पादरी द्वारा लगाए गए आरोपों पर प्रतिक्रिया दी , जिसमे कहा गया था हिंदू पुरुषों द्वारा ईसाई धर्म महिलाओं को लालच दिया जा रहा है। नतेसन नें पाला बिशप जोसेफ कल्लारंगट की एक टिप्पणी जो कि विवादास्पद "लव जिहाद" और "मादक जिहाद" की भी जमकर आलोचना की और यह कहा कि इस मुद्दे पर "मुस्लिम समुदाय को निशाना बनाना सही नहीं है"।

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अखिल भारतीय अखाड़ा परिषद के अध्यक्ष महंत नरेंद्र गिरि की सोमवार को संदिग्ध हालात में मौत हो गई। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने अखिल भारतीय अखाड़ा परिषद के अध्यक्ष महंत नरेंद्र गिरि को बाघंबरी मठ स्थित उनके आवास पर श्रद्धांजलि दी। मुख्यमंत्री ने कहा कि दोषियों को जांच के बाद सजा दी जाएगी। उन्होंने कहा ''यह एक दुखद घटना है और इसी लिए अपने संत समाज की तरफ से, प्रदेश सरकार की ओर से उनके प्रति श्रद्धांजलि व्यक्त करने के लिए में स्वयं यहाँ उपस्थित हुआ हूँ। अखाड़ा परिषद और संत समाज की उन्होंने सेवा की है। नरेंद्र गिरि प्रयागराज के विकास को लेकर तत्पर रहते थे। साधु समाज, मठ-मंदिर की समस्याओं को लेकर उनका सहयोग प्राप्त होता था। उनके संकल्पों को पूरा करने की शक्ति उनके अनुयायियों को मिले''

योगी आदित्यनाथ ने कहा '' कुंभ के सफल आयोजन में नरेंद्र गिरि का बड़ा योगदान था। एक-एक घटना के पर्दाफाश होगा और दोषी अवश्य सजा पाएगा। मेरी अपील है सभी लोगों से की इस समय अनावश्यक बयानबाजी से बचे। जांच एजेंसी को निष्पक्ष रूप से कार्यक्रम को आगे बढ़ाने दे। और जो भी इसके लिए जिम्मेदार होगा उसको कानून की तहत कड़ी से कड़ी सजा भी दिलवाई जाएगी।

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By: कम्मी ठाकुर, स्वतंत्र पत्रकार एवं स्तम्भकार, हरियाणा

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