Never miss a story

Get subscribed to our newsletter


×
देश

केंद्र ने न्यूनतम मजदूरी दरों में किया संशोधन, मजदूरों को होगा लाभ

केंद्र सरकार ने कोविड-19 महामारी को देखते हुए श्रमिक वर्ग के लिए अहम निर्णय लेते हुए न्यूनतम मजदूरों की दरों को संशोधित किया है।

कर्मचारियों को बड़ी राहत देते हुए परिवर्तनीय महंगाई भत्ता (वीडीए) की दर को बदलने की अधिसूचना जारी की है। (Pexels)

केंद्र सरकार ने कोविड-19 महामारी को देखते हुए श्रमिक वर्ग के लिए अहम निर्णय लेते हुए न्यूनतम मजदूरों (Minimum Wage)की दरों को संशोधित किया है। इससे कोरोना महामारी (Corona Virus) में आर्थिक मुश्किलों से जूझ रेह डेढ़ करोड़ श्रमिकों को राहत मिलेगी। भारत सरकार के श्रम और रोजगार मंत्रालय (Ministry of Labor and Employment) ने केंद्र के दायरे में विभिन्न श्रेणी के अनुसूचित रोजगार से जुड़े कर्मचारियों को बड़ी राहत देते हुए परिवर्तनीय महंगाई भत्ता (वीडीए) की दर को बदलने की अधिसूचना जारी की है। वीडीए में बदलाव 1 अप्रैल, 2021 से लागू होगा।

वीडीए में संशोधन श्रम ब्यूरो की ओर से संकलित औद्योगिक श्रमिकों के औसत उपभोक्ता मूल्य सूचकांक के आधार पर किया जाता है। इस नए वीडीए संशोधन के लिए जुलाई से दिसंबर 2020 के महीनों के लिए औसत सीपीआई-आईडब्ल्यू का उपयोग किया गया है।


केंद्रीय श्रम और रोजगार मंत्री श्री संतोष गंगवार ने कहा, इस कदम से देश के उन करीब 1.50 करोड़ श्रमिकों को लाभ मिलेगा जो केंद्र सरकार के विभिन्न अनुसूचित रोजगारों से जुड़े हैं। वीडीए में बढ़ोतरी से उन्हें इस महामारी के मुश्किल वक्त में सहारा मिलेगा।

करीब 1.50 करोड़ श्रमिकों को लाभ मिलेगा जो केंद्र सरकार के विभिन्न अनुसूचित रोजगारों से जुड़े हैं। (Pexels)

गंगवार ने बतााया कि मुख्य श्रम आयुक्त (केंद्रीय) द्वारा आदेश जारी हो चुके हैं और इसे 1 अप्रैल 2021 से लागू माना जाएगा। केंद्रीय क्षेत्र में अनुसूचित रोजगार के लिए निर्धारित दरें केंद्र सरकार, रेलवे प्रशासन, खदानों, तेल क्षेत्रों, प्रमुख बंदरगाहों या केंद्र सरकार द्वारा स्थापित किसी भी निगम के प्राधिकरण के तहत प्रतिष्ठानों पर लागू होती हैं। ये दरें कॉन्ट्रैक्ट और कैजुअल दोनों तरह के कर्मचारियों के लिए भी समान रूप से लागू होंगी।

केंद्रीय क्षेत्र में अनुसूचित रोजगार में लगे कर्मचारियों के लिए देश भर में मुख्य श्रम आयुक्त (केंद्रीय) के निरीक्षण अधिकारियों के माध्यम से केंद्रीय क्षेत्र में न्यूनतम मजदूरी अधिनियम को लागू किया जाता है।

यह भी पढ़ें :- कोरोना महामारी ने 23 करोड़ भारतीयों को गरीबी में धकेला : रिपोर्ट

केंद्र सरकार के निर्णय से सड़क, इमारत, मरम्मत कार्य में लगे अकुशल श्रमिकों (Workers) को स्थान के अनुसार क्रमश: ए, बी और सी श्रेणी में 645, 539 और 431 रुपये मिलेंगे। वहीं अर्धकुशल श्रमिक को 714, 609, 505 जबकि कुशल श्रमिक को 784, 714, 609 रुपये मिलेंगे। वहीं कुशलतम मजदूर को 853, 784, 714 रुपये मिलेंगे।

सफाईकर्मियों को स्थान के अनुसार ए, बी और सी कटेगरी में क्रमश: 645, 539, 431 रुपये मिलेंगे। वहीं सुरक्षा और देखभाल कार्य में लगे श्रमिकों को 784, 714 और 609 जबकि सशस्त्र श्रमिकों को 853, 784 और 714 रुपये मिलेंगे। खदानो, खेत-खलिहान के मजदूरों के भी न्यूनतम मजदूरी दर को संशोधित कर बढ़ाया गया है। (आईएएनएस-SM)

Popular

अल्जाइमर रोग एक मानसिक विकार है। (unsplash)

ऑस्ट्रेलिया के शोधकर्ताओं ने एक अभूतपूर्व अध्ययन में 'ब्लड-टू-ब्रेन पाथवे' की पहचान की है जो अल्जाइमर रोग का कारण बन सकता है। कर्टिन विश्वविद्यालय जो कि ऑस्ट्रेलिया के पर्थ शहर में है, वहाँ माउस मॉडल पर परीक्षण किया गया था, इससे पता चला कि अल्जाइमर रोग का एक संभावित कारण विषाक्त प्रोटीन को ले जाने वाले वसा वाले कणों के रक्त से मस्तिष्क में रिसाव था।

कर्टिन हेल्थ इनोवेशन रिसर्च इंस्टीट्यूट के निदेशक प्रमुख जांचकर्ता प्रोफेसर जॉन मामो ने कहा "जबकि हम पहले जानते थे कि अल्जाइमर रोग से पीड़ित लोगों की पहचान विशेषता बीटा-एमिलॉयड नामक मस्तिष्क के भीतर जहरीले प्रोटीन जमा का प्रगतिशील संचय था, शोधकर्ताओं को यह नहीं पता था कि एमिलॉयड कहां से उत्पन्न हुआ, या यह मस्तिष्क में क्यों जमा हुआ," शोध से पता चलता है कि अल्जाइमर रोग से पीड़ित लोगों के दिमाग में जहरीले प्रोटीन बनते हैं, जो रक्त में वसा ले जाने वाले कणों से मस्तिष्क में रिसाव की संभावना रखते हैं। इसे लिपोप्रोटीन कहा जाता है।

Keep Reading Show less

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी (Wikimedia Commons)

शंघाई सहयोग संगठन (एससीओ) सम्मेलन को संम्बोधित करते हुए प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने चरमपंथ और कट्टरपंथ की चुनौतियों से प्रभावी ढंग से निपटने के लिए एससीओ द्वारा एक खाका विकसित करने का आह्वान किया। 21वीं बैठक को संम्बोधित करते हुए उन्होंने कहा कि मध्य एशिया में अमन के लिए सबसे बड़ी चुनौती है विश्वास की कमी।

इसके अलावा, पीएम मोदी ने विश्व के नेताओं से यह सुनिश्चित करने का आह्वान किया कि मानवीय सहायता अफगानिस्तान तक निर्बाध रूप से पहुंचे। मोदी ने कहा, "अगर हम इतिहास में पीछे मुड़कर देखें, तो हम पाएंगे कि मध्य एशिया उदारवादी, प्रगतिशील संस्कृतियों और मूल्यों का केंद्र रहा है।
"भारत इन देशों के साथ अपनी कनेक्टिविटी बढ़ाने के लिए प्रतिबद्ध है और हम मानते हैं कि भूमि से घिरे मध्य एशियाई देश भारत के विशाल बाजार से जुड़कर अत्यधिक लाभ उठा सकते हैं"

Keep Reading Show less

ओला इलेक्ट्रिक के स्कूटर।(IANS)

ओला इलेक्ट्रिक ने घोषणा की है कि कंपनी ने 600 करोड़ रुपये से अधिक मूल्य के ओला एस1 स्कूटर बेचे हैं। ओला इलेक्ट्रिक का दावा है कि उसने पहले 24 घंटों में हर सेकेंड में 4 स्कूटर बेचने में कामयाबी हासिल की है। बेचे गए स्कूटरों का मूल्य पूरे 2डब्ल्यू उद्योग द्वारा एक दिन में बेचे जाने वाले मूल्य से अधिक होने का दावा किया जाता है।

कंपनी ने जुलाई में घोषणा की थी कि उसके इलेक्ट्रिक स्कूटर को पहले 24 घंटों के भीतर 100,000 बुकिंग प्राप्त हुए हैं, जो कि एक बहुत बड़ी सफलता है। 24 घंटे में इतनी ज्यादा बुकिंग मिलना चमत्कार से कम नहीं है। इसकी डिलीवरी अक्टूबर 2021 से शुरू होगी और खरीदारों को खरीद के 72 घंटों के भीतर अनुमानित डिलीवरी की तारीखों के बारे में सूचित किया जाएगा।

Keep reading... Show less