Never miss a story

Get subscribed to our newsletter


×
देश

बंगाल में दुर्गा पूजा में शामिल सभी लोगों के लिए टीकाकरण जरूरी

पश्चिम बंगाल में विभिन्न दुर्गा पूजा समितियों के आयोजकों ने सभी कोविड सुरक्षा प्रोटोकॉल को बनाए रखते हुए बंगालियों के वार्षिक उपहार का जश्न मनाने के लिए कमर कस ली है। दुर्गा पूजा में अब महज तीन महीने बचे हैं।

दुर्गा पूजा (wikimedia commons)

साइबल गुप्ता

पश्चिम बंगाल में विभिन्न दुर्गा पूजा समितियों के आयोजकों ने सभी कोविड सुरक्षा प्रोटोकॉल को बनाए रखते हुए बंगालियों के वार्षिक उपहार का जश्न मनाने के लिए कमर कस ली है। दुर्गा पूजा में अब महज तीन महीने बचे हैं।


इसके एक हिस्से के रूप में, कोलकाता में दुर्गा पूजा समितियों ने अगले तीन महीनों में उन सभी का टीकाकरण करने का फैसला किया है, जो अनुष्ठान और अन्य संबंधित कार्यो में शामिल हैं।

फोरम फॉर दुर्गोत्सव के अधिकारी पार्थ घोष ने कहा, “हमारे सदस्यों और स्थानीय लोगों से लेकर पंडालों में बार-बार आने वाले कारीगरों, पुजारियों, ढाकी और इलेक्ट्रीशियन तक – सभी को अगले तीन महीनों में कोविड के टीके लगवाने होंगे।”

पूजा समितियां यह भी सुनिश्चित करेंगी कि पंडालों में आने वाले लोग नाक और मुंह को ढककर मास्क पहनें और सामाजिक दूरी बनाए रखें।

“हम उम्मीद करते हैं कि सभी को दोनों खुराक मिल जाएगी, लेकिन पूजा से दो-तीन दिन पहले गांवों से आने वाले ढाकी (पारंपरिक ढोलकिया) केटीकाकरण पर हमारा नियंत्रण नहीं है, इसलिए हम कुछ भी आश्वस्त नहीं कर सकते हैं, लेकिन हम यह सुनिश्चित करने का प्रयास करेंगे कि उन्हें कम से कम एक खुराक मिले।”

कोविड टीकाकरण (Pexels)

फोरम फॉर दुर्गोत्सव, कोलकाता और आसपास के क्षेत्रों में 550 सामुदायिक दुर्गा पूजाओं का एक संगठन है, जो यह भी सुनिश्चित करने के लिए दिशानिर्देश प्रकाशित करता है कि उत्सव कोविड-सुरक्षा प्रोटोकॉल का पालन करते हुए आयोजित किए जाएं।

पिछले साल राज्य सरकार ने पंडालों के अंदर भीड़ को रोकने के लिए दुर्गा पूजा के उत्सव पर प्रतिबंध लगा दिया था। पूजा आयोजक अच्छी तरह से जानते हैं कि राज्य सरकार कोरोनोवायरस की तीसरी लहर के खतरे को देखते हुए इसी तरह के प्रतिबंध लगा सकती है, सभी सुरक्षा कोविड प्रोटोकॉल को बनाए रखते हुए पूजा मनाने की पूरी तैयारी कर रही है।

पंडालों का निर्माण इस तरह से किया जाना है कि भक्त मूर्तियों को दूर से देख सकें और उन्हें पास आने की आवश्यकता नहीं है।

शिबमंदिर दुर्गा पूजा के सदस्य घोष ने कहा, “हमारी तरह हर भीड़-खींचने वाली पूजा समिति के लिए चुनौती यह होगी कि संतुलन कैसे बनाया जाए ताकि पंडालों का निर्माण सौंदर्यशास्त्र को बनाए रखते हुए किया जा सके जबकि मूर्तियों को दूर से देखा जा सके।”

शहर में दुर्गा पूजा समितियां भी डिजिटल उपस्थिति पर ध्यान केंद्रित कर रही हैं ताकि यह सुनिश्चित किया जा सके कि लोग घर से कलाकृतियों को देख सकें।

यह भी पढ़े: बदलने की कवायद बुंदेलखंड की तस्वीर .

उत्तरी कोलकाता में दुर्गा पूजा समिति के एक अन्य अधिकारी ने कहा, “हम मूर्ति और सजावट को सोशल मीडिया पर इस तरह से पेश करेंगे कि लोगों को पंडाल में आने की इच्छा न हो।” (आईएएनएस-PS)

Popular

प्रमुख हिंदू नेता और श्री नारायण धर्म परिपालन योगम के महासचिव वेल्लापल्ली नतेसन (wikimedia commons)

हमारे देश में लव जिहाद के जब मामले आते है , तब इस मुद्दे पर चर्चा जोर पकड़ती है और देश कई नेता और जनता अपनी-अपनी राय को वयक्त करते है । एसे में एक प्रमुख हिंदू नेता और श्री नारायण धर्म परिपालन योगम के महासचिव वेल्लापल्ली नतेसन ने सोमवार को एक बयान दिया जिसमें उन्होनें कहा कि यह मुस्लिम समुदाय नहीं बल्कि ईसाई हैं जो देश में धर्मांतरण और लव जिहाद में सबसे आगे हैं।

मीडिया रिपोर्ट के अनुसार एनडीए के सहयोगी और भारत धर्म जन सेना के संरक्षक वेल्लापल्ली नतेसन नें एक कैथोलिक पादरी द्वारा लगाए गए आरोपों पर प्रतिक्रिया दी , जिसमे कहा गया था हिंदू पुरुषों द्वारा ईसाई धर्म महिलाओं को लालच दिया जा रहा है। नतेसन नें पाला बिशप जोसेफ कल्लारंगट की एक टिप्पणी जो कि विवादास्पद "लव जिहाद" और "मादक जिहाद" की भी जमकर आलोचना की और यह कहा कि इस मुद्दे पर "मुस्लिम समुदाय को निशाना बनाना सही नहीं है"।

Keep Reading Show less

महंत नरेंद्र गिरि (Wikimedia Commons)

अखिल भारतीय अखाड़ा परिषद के अध्यक्ष महंत नरेंद्र गिरि की सोमवार को संदिग्ध हालात में मौत हो गई। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने अखिल भारतीय अखाड़ा परिषद के अध्यक्ष महंत नरेंद्र गिरि को बाघंबरी मठ स्थित उनके आवास पर श्रद्धांजलि दी। मुख्यमंत्री ने कहा कि दोषियों को जांच के बाद सजा दी जाएगी। उन्होंने कहा ''यह एक दुखद घटना है और इसी लिए अपने संत समाज की तरफ से, प्रदेश सरकार की ओर से उनके प्रति श्रद्धांजलि व्यक्त करने के लिए में स्वयं यहाँ उपस्थित हुआ हूँ। अखाड़ा परिषद और संत समाज की उन्होंने सेवा की है। नरेंद्र गिरि प्रयागराज के विकास को लेकर तत्पर रहते थे। साधु समाज, मठ-मंदिर की समस्याओं को लेकर उनका सहयोग प्राप्त होता था। उनके संकल्पों को पूरा करने की शक्ति उनके अनुयायियों को मिले''

योगी आदित्यनाथ ने कहा '' कुंभ के सफल आयोजन में नरेंद्र गिरि का बड़ा योगदान था। एक-एक घटना के पर्दाफाश होगा और दोषी अवश्य सजा पाएगा। मेरी अपील है सभी लोगों से की इस समय अनावश्यक बयानबाजी से बचे। जांच एजेंसी को निष्पक्ष रूप से कार्यक्रम को आगे बढ़ाने दे। और जो भी इसके लिए जिम्मेदार होगा उसको कानून की तहत कड़ी से कड़ी सजा भी दिलवाई जाएगी।

Keep Reading Show less

By: कम्मी ठाकुर, स्वतंत्र पत्रकार एवं स्तम्भकार, हरियाणा

केजरीवाल सरकार की झूठ, फरेब, धूर्तता और भ्रष्टाचार की पोल खोलता 'बोल रे दिल्ली बोल' गीतरुपी शब्दभेदी बाण एकदम सटीक निशाने पर लगा है। सुभाष, आजाद, भगतसिंह जैसे आजादी के अमर शहीद क्रांतिकारियों के नाम व चेहरों को सामने रखकर जनता को बेवकूफ बना सुशासन ईमानदारी और पारदर्शिता का सब्जबाग दिखाकर सत्ता पर काबिज हुए अरविंद केजरीवाल की आम आदमी पार्टी सरकार आज पूरी तरह से मुस्लिम तुष्टिकरण, भ्रष्टाचार, कुशासन एवं कुव्यवस्था के दल-दल में धंस चुकी है। आज केजरीवाल का चाल, चरित्र और चेहरा पूरी तरह से बेनकाब हो चुका है। दिल्ली में कोविड-19 के दौरान डॉक्टरों सहित सैकड़ों विभिन्न धर्म-संप्रदाय के मेडिकल स्टाफ के लोगों ने बतौर कोरोना योद्धा अपनी जाने गंवाई थी। लेकिन उन सब में केजरीवाल के चश्मे में केवल मुस्लिम डॉक्टर ही नजर आया, जिसके परिजनों को 'आप सरकार' ने एक करोड़ की धनराशि का चेक भेंट किया। किंतु बाकी किसी को नहीं बतौर मुख्यमंत्री यह मुस्लिम तुष्टिकरण, असंगति, पक्षपात आखिर क्यों ?

Keep reading... Show less