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देश

एक ऐसा स्कूल जिसने हिन्दू बच्चों को जबरन खिलाया गौमांस !

मप्र के सेंट फ्रांसिस सेवाधाम आश्रम ने हिन्दू (Hindu) बच्चों पर धर्मान्तरण के लिए बनाया दबाव और गौमांस खिलाया ; NCPCR ने 48 घंटों के भीतर मांगा जवाब।

आश्रम में गौमांस न खाने और बाइबिल ने पढ़ने पर बच्चों के साथ मार-पीट की जाती थी। [Pixabay]

मध्य प्रदेश के सागर जिले में हिन्दू (Hindu) बच्चों पर धर्मान्तरण के लिए दबाव बनाने और उन्हें जबरन गौमांस (बीफ, Beef) खिलाने की घटना सामने आयी है। यही नहीं, इन बच्चों को जबरन बाइबिल भी पढ़ाई जा रही है। दरअसल यह पूरा मामला श्यामपुरा के सेंट फ्रांसिस सेवाधाम आश्रम का है। इसकी शिकायत मिलने पर अब इस मामले में राष्ट्रीय बाल अधिकार संरक्षण आयोग (NCPCR) ने संज्ञान लिया है। आयोग ने पुलिस अधीक्षक सागर को कार्रवाई के आदेश देते हुए 48 घंटों के भीतर जवाब मांगा है।

मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक सेंट फ्रांसिस सेवाधाम के खिलाफ कैंट थाने में शिकायत दर्ज करवाई गई है। शिकायतकर्ता भाई-बहन हैं, जो वहां लगभग 18 महीने से रह रहे थे। उन्होंने बताया की गौमांस न खाने और बाइबिल ने पढ़ने पर उनके साथ मार-पीट की जाती थी।


पीड़ित बच्चों के पिता देशराज ने इसकी शिकायत राष्ट्रीय बाल अधिकार संरक्षण आयोग में की थी। इस मामले में आयोग ने कहा है कि सागर जिले से मिली शिकायत को बाल अधिकार संरक्षण आयोग अधिनियम 2005 की धारा 13 के नियमानुसार लिया गया है। इसमें बच्चों ने पिता से पिटाई की भी बात बताई है।

एक स्थानीय पोर्टल द सूत्र के मुताबिक, “बच्चे दलित समाज (अनुसूचित जाति) के हैं। शिकायत के बाद बच्चों को स्कूल से निकाल कर उनके पिता को सौंप दिया गया है। यह सेवाधाम कैंट थाना के बरारू इलाके में आता है। यहां सूअर का भी मांस खिलाया जाता है। मांस सेवाश्रम के अंदर ही काटा जाता है। बच्चों को लॉकेट पहना कर चर्च ले जाया जाता है। कुछ भी इनकार करने पर गर्दन तक दबा दी जाती है।”

इस मामले पर स्थानीय हिन्दू (Hindu) समाजसेवी ओंकार सिंह ने कहा, “पहले इसी स्थान के फादर रोजन पर धर्मान्तरण के आरोप लग चुके हैं। तब 70 बच्चों के नाम के आगे धर्म के स्थान पर क्रिश्चियन लिख दिया गया था और इन सभी 70 बच्चों के पिता के नाम के आगे एक ही व्यक्ति का नाम था – रोशन क्रिश्चियन । इस मामले में जांच समिति बनाई गई थी, जिसने अब तक कोई भी कार्रवाई नहीं की। सेवाधाम आश्रम के संचालन की मान्यता साल भर पहले ही रद्द हो चुकी है। इसकी लीज भी बहुत पहले समाप्त हो गई है।”

सागर जिले के एडिशनल SP विक्रम सिंह के अनुसार गौमांस खिलाने और धर्मान्तरण के लिए प्रेरित करने की शिकायत पर बच्चों और उनके पिता के बयान दर्ज कर लिए गए हैं। मामले की जांच की जा रही है। जांच के बाद जो कुछ भी निकल कर सामने आएगा, उस पर नियमानुसार करवाई की जाएगी।

यह भी पढ़ें : जय श्रीराम का नारा लगाने वाले मुस्लिम युवक ने दिया कट्टरपंथियों को जवाब

बता दें कि इससे पहले भी सागर जिले से जबरन धर्मान्तरण का मामला सामने आया था, जिसमें एक हिन्दू (Hindu) युवक को उसी के ससुराल वालों ने पत्नी पाने के बदले ईसाई बनने का दबाव बनाया था।

Source: Opindia ; Edited by: Manisha Singh

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