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मनोरंजन

"कॉल माई एजेंट : बॉलीवुड" को लेकर काफी उत्साहित हैं अभिनेता आयुष मेहरा

"कॉल माई एजेंट : बॉलीवुड" सीरीज़ फ़्रांसीसी टीवी शृंखला "कॉल माई एजेंट" को आधार में रखते हुए बनाई गई है। इस सीरीज़ में आयुष के साथ अहाना कुमारा, रजत कपूर और सोनी राज़दान जैसे मंझे हुए कलाकार हैं

आयुष मेहरा ने ओटीटी पर कदम रखने से पहले डिजिटल प्लेटफार्म पर अपने काम का लोहा मनवाया है। (twitter)

डिजिटल क्षेत्र में प्रभावशाली काम से दर्शकों का दिल जीतने वाले अभिनेता आयुष मेहरा ने हाल ही में "कॉल माई एजेंट : बॉलीवुड" से ओटीटी के मंच पर पदार्पण किया है। यह सीरीज़ नेटफ्लिक्स पर रिलीज़ हो चुकी है।

अभिनेता अपने प्रशंसकों के साथ-साथ आलोचकों का मन अपने दमदार प्रदर्शन से लुभाने को तैयार हैं। यह सीरीज़ फ़्रांसीसी टीवी शृंखला "कॉल माई एजेंट" को आधार में रखते हुए बनाई गई है। इस सीरीज़ में आयुष के साथ-साथ अहाना कुमारा, रजत कपूर और सोनी राज़दान जैसे मंझे हुए कलाकार हैं।


सीरीज़ में अपने प्रदर्शन और उनके काम के लिए मिल रही प्रशंसा के बारे में बात करते हुए आयुष ने बताया, "कॉल माई एजेंट को मिली प्रतिक्रिया को देखकर आश्चर्यचकित हूँ। मुझे जो कॉल और सन्देश मिले हैं, उन्होंने न केवल मुझे ख़ुशी दी है बल्कि मुझे और अधिक मेहनत करने के लिए प्रेरित किया है।''

OTT Platform, Netflix , Ayush Mehra 'कॉल माई एजेंट : बॉलीवुड 'में आयुष मेहरा के साथ अहाना कुमार, रजत कपूर और सोनी राज़दान जैसे दमदार अभिनेता हैं {twitter )


आयुष ने अपने किरदार के बारे में बात करते हुए कहा, "मेहरशाद एक अद्भुद किरदार था और निर्माताओं और सेह-निर्माताओं की अद्भुद टीम के साथ यह एक दावत जैसा था। मैं अपने प्रशंसकों को उनकी प्रतिक्रियाओं के लिए धन्यवाद देता हूँ। "

यह भी पढ़ें- श्री रामायण यात्रा ट्रेन: आईआरसीटीसी की पहली सुपर लग्जरी ट्रेन आज से शुरू

"कॉल माई एजेंट : बॉलीवुड" शाद अली द्वारा निर्देशित है जो कि "साथिया", "बंटी और बबली" और''ओके जानू'' जैसी फिल्मों के लिए जाने जाते हैं। यह चार कास्टिंग एजेंटों की कहानी है जो तेज़ी से बदलती दुनिया के बीच अपनी कास्टिंग कंपनी को बचाये रखने के लिए भागदौड़ कर रहे हैं।

Input-IANS ; Edited By- Saksham Nagar

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इंडियन स्कूल ऑफ हॉस्पिटैलिटी (ISH) [IANS]

दुनिया की अग्रणी हॉस्पिटैलिटी और पाक कला शिक्षा दिग्गजों में से एक, सॉमेट एजुकेशन (Sommet Education) ने हाल ही में देश के प्रीमियम हॉस्पिटैलिटी संस्थान, इंडियन स्कूल ऑफ हॉस्पिटैलिटी (ISH) के साथ हाथ मिलाया है। इसके साथ सॉमेट एजुकेशन की अब आईएसएच (ISH) में 51 प्रतिशत हिस्सेदारी है, जो पूर्व के विशाल वैश्विक नेटवर्क में एक महत्वपूर्ण एडिशन है। रणनीतिक साझेदारी सॉमेट एजुकेशन को भारत में अपने दो प्रतिष्ठित संस्थानों को स्थापित करने की अनुमति देती है। इनमें इकोले डुकासे शामिल है, जो पाक और पेस्ट्री कला में एक विश्वव्यापी शिक्षा संदर्भ के साथ है। दूसरा लेस रोचेस है, जो दुनिया के अग्रणी हॉस्पिटैलिटी बिजनेस स्कूलों में से एक है।

इस अकादमिक गठबंधन के साथ, इकोले डुकासे का अब भारत में अपना पहला परिसर आईएसएच (ISH) में होगा, और लेस रोचेस देश में अपने स्नातक और स्नातकोत्तर आतिथ्य प्रबंधन कार्यक्रम शुरू करेगा।

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Credit- Wikimedia Commons

भारतीय रेलवे (Wikimedia Commons)

पूर्व मध्य रेल ने नेशनल ग्रीन ट्रिब्यूनल के निर्देशों के बाद इसके अनुपालन में उल्लेखनीय प्रगति हासिल की है। इको स्मार्ट स्टेशन के रूप में विकसित करने के लिए पूर्व मध्य रेल के 52 चिन्हित स्टेशनों पर रेलवे बोर्ड द्वारा सुझाए गए 24 इंडिकेटर (पैरामीटर) लागू किए हैं। सभी 52 स्टेशनों ने पर्यावरण प्रबंधन के लिए एक प्रमाणन आईएसओ-14001:2015 प्राप्त किया है। नेशनल ग्रीन ट्रिब्यूनल द्वारा निर्धारित पूर्व मध्य रेल के 52 नामांकित स्टेशनों में से 45 का संबंधित राज्य प्रदूषण नियंत्रण बोडरें के लिए सहमति-से-स्थापित (सीटीई) प्रस्तावों की ऑनलाइन प्रस्तुतियां सुनिश्चित कीं।

पूर्व मध्य रेलवे के मुख्य जनसंपर्क अधिकारी राजेष कुमार ने बताया कि पूर्व मध्य रेल के सभी 45 स्टेशनों के लिए स्थापना की सहमति के लिए एनओसी प्राप्त कर ली गई है और 32 स्टेशनों को कंसेंट-टू-ऑपरेट (सीटीओ) दी गई है। उन्होंने बताया कि इस प्रमाणीकरण ने पूर्व मध्य रेलवे को राज्य प्रदूषण नियंत्रण बोडरें द्वारा निर्धारित पानी, वायु प्रदूषण नियंत्रण और ठोस अपशिष्ट प्रबंधन मानदंडों की आवश्यकता को सुव्यवस्थित करने में मदद की है।

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वायरस जनित बीमारियों की विश्व स्तरीय जांच अब गोरखपुर में भी हो सकेगा। [IANS]

उत्तर प्रदेश के गोरखपुर में इंसेफेलाइटिस समेत अन्य वायरस जनित बीमारियों की विश्व स्तरीय जांच शुरू हो गई है। गोरखपुर (Gorakhpur) में यह इंडियन काउंसिल ऑफ मेडिकल रिसर्च (ICMR)की क्षेत्रीय इकाई रीजनल मेडिकल रिसर्च सेंटर (RMRC) के जरिए संभव हुआ है। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ (Yogi Adityanath) के प्रयास से शुरू इस आरएमआरसी में नौ अत्याधुनिक लैब्स बनकर तैयार हैं। बता दें कि मंगलवार को प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी (Narendra Modi) इसका उद्घाटन करेंगे।

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Narendra Modi , PM of India, ICMR मंगलवार को प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी इस RMRC का उद्घाटन करेंगे। [Wikimedia Commons]

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