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चीन की बढ़ती ताकत के साथ भारत-अमेरिका रक्षा संबंध हो रहे मजबूत

By : सुमित कुमार सिंह रक्षा व्यापार, संयुक्त अभ्यास और समुद्री सुरक्षा में सहयोग के साथ भारत और अमेरिका के बीच पिछले कुछ वर्षों में रक्षा संबंध एक प्रमुख स्तंभ के तौर पर उभरा है। दोनों देशों के बीच रणनीतिक साझेदारी अमेरिका में राष्ट्रपति जो बाइडन के नेतृत्व में गठित होने वाली एक नई सरकार

By : सुमित कुमार सिंह 

रक्षा व्यापार, संयुक्त अभ्यास और समुद्री सुरक्षा में सहयोग के साथ भारत और अमेरिका के बीच पिछले कुछ वर्षों में रक्षा संबंध एक प्रमुख स्तंभ के तौर पर उभरा है। दोनों देशों के बीच रणनीतिक साझेदारी अमेरिका में राष्ट्रपति जो बाइडन के नेतृत्व में गठित होने वाली एक नई सरकार के साथ और भी अधिक मजबूत होने की उम्मीद है।


दोनों देशों के बीच रक्षा और सुरक्षा संबंध लगातार मजबूत एवं गहरे होंगे। दोनों देशों में राजनीतिक प्रतिबद्धताएं मजबूत होंगी। सबसे महत्वपूर्ण बात यह है कि दोनों ही देश भारत-प्रशांत (इंडो-पैसिफिक) क्षेत्र में बढ़ती चीनी हठधर्मिता के बारे में चिंतित हैं। अमेरिका के एक प्रतिष्ठित थिंक टैंक ब्रूकिंग्स इंस्टीट्यूशन की ओर से किए गए हालिया अध्ययन में यह बात सामने आई है। ब्रूकिंग्स इंस्टीट्यूशन वाशिंगटन डीसी स्थित एक गैर-लाभकारी सार्वजनिक सार्वजनिक नीति संगठन (पब्लिक पॉलिसी ऑर्गेनाइजेशन) है।

अमेरिका के प्रतिष्ठित थिंक टैंक एवं शोध संस्थान ब्रूकिंग्स इंस्टीट्यूशन ने अपनी हालिया रिपोर्ट में कहा है, भारत के साथ अमेरिकी रक्षा और सुरक्षा संबंध बाइडन प्रशासन के व्यापक इंडो-पैसिफिक एजेंडे का एक छोटा सा, मगर महत्वपूर्ण भाग है, जिसे प्रमुख पुनर्रचना (री-डिजाइन) के बजाय स्थिर निवेश और पुनर्गणना की आवश्यकता होगी। रिपोर्ट में बताया गया है कि रणनीतिक साझेदारी के हिस्से के रूप में, भारत अमेरिका के साथ किसी अन्य देश की तुलना में अधिक द्विपक्षीय अभ्यास करता है। उदारण के लिए कुछ महत्वपूर्ण द्विपक्षीय अभ्यास हैं : युद्ध अभ्यास, वज्र प्रहार, तरकश, टाइगर ट्रायम्फ और कोप इंडिया।

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भारतीय सेना के एक वरिष्ठ अधिकारी ने कहा, आतंकवाद निरोधक अभ्यास के साथ फरवरी में दोनों देशों की सेनाएं संयुक्त अभ्यास के लिए जा रही हैं। भारत का अमेरिका से रक्षा संबंधी अधिग्रहण का कुल मूल्य 15 अरब डॉलर से अधिक है। भारत-अमेरिका रक्षा प्रौद्योगिकी और व्यापार पहल (डीटीटीआई) का उद्देश्य सह-विकास और सह-उत्पादन प्रयासों को बढ़ावा देना है।

जून 2016 में अमेरिका ने भारत को एक ‘मेजर डिफेंस पार्टनर’ के रूप में मान्यता दी, जो अमेरिका को अपने सबसे करीबी सहयोगियों और साझेदारों के साथ ही भारत को प्रौद्योगिकी साझा करने की सुविधा प्रदान करता है।
वहीं सितंबर 2018 और दिसंबर 2019 में भारत और अमेरिका के बीच टू प्लस टू मंत्रिस्तरीय संवाद के दौरान रक्षा सहयोग के क्षेत्र में कई महत्वपूर्ण फैसले लिए गए।

टू प्लस टू मंत्रिस्तरीय संवादों के अलावा रक्षा सहयोग पर कुछ अन्य महत्वपूर्ण संवाद तंत्र भी स्थापित हैं। इनमें रक्षा नीति समूह, सैन्य सहयोग समूह, रक्षा प्रौद्योगिकी और व्यापार पहल और इसके संयुक्त कार्यदल, सेना, नौसेना और वायुसेना, रक्षा के लिए कार्यकारी संचालन समूह खरीद एवं उत्पादन समूह, वरिष्ठ प्रौद्योगिकी सुरक्षा समूह और संयुक्त तकनीकी समूह शामिल हैं। दोनों देशों के बीच रिश्ता काफी मजबूत हो चुका है और भारत व अमेरिका के बीच व्यापक, लचीली और बहुआयामी रक्षा साझेदारी भी बन चुकी है।

दोनों देशों के रक्षा संबंधों को मजबूत करने के लिए बेसिक एक्सचेंज एंड को-ऑपरेशन एग्रीमेंट (बीईसीए) पर हस्ताक्षर एक महत्वपूर्ण कदम है। यह दोनों देशों की नौ सेनाओं के बीच समुद्री सूचना साझाकरण और समुद्री डोमेन जागरूकता को बढ़ाएगा। (आईएएनएस)

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एशिया का सबसे बड़ा एयरपोर्ट होगा जेवर एयरपोर्ट। (Twitter)

उत्तर प्रदेश विधानसभा चुनाव(Uttar Pradesh Assembly Elections) से पहले प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी लगातार प्रदेश का दौरा कर जनता को सौगातें दे रहे हैं इसी सौगात के क्रम मे गौतमबुद्धनगर के जेवर एयरपोर्ट(Jevar Airport) का नंबर भी आ गया। जेवर में उत्तर प्रदेश खासकर पश्चिमी उत्तर प्रदेश की जनता को बड़ी सौगात देते हुए प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी(Narendra Modi) ने गुरुवार को गौतमबुद्धनगर जिले में प्रदेश के पांचवे अंतर्राष्ट्रीय एयरपोर्ट का शिलान्यास किया। नोएडा(Noida) का यह ग्रीन फील्ड एयरपोर्ट भारत का पहला प्रदूषण मुक्त एयरपोर्ट होगा। आज हम आपको इसी एयरपोर्ट की विशेषता के बारे में बताएंगे -

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उत्तर प्रदेश में अब योगी सरकार जनता को देगी मुफ्त राशन का डबल डोज (Pixabay)

उत्तर प्रदेश(Uttar Pradesh) के 15 करोड़ से अधिक राशन कार्ड धारकों को सरकार मुफ्त राशन की डबल डोज देने जा रही है। यूपी के लोगों को राशन दुकानों से दोगुना मुफ्त राशन(Free Ration) मिलेगा। योगी सरकार(Yogi Government) के बाद केंद्र सरकार(Central Government) ने भी पीएमजीकेएवाई के तहत मुफ्त राशन वितरण अभियान को मार्च तक बढ़ा दिया है।

केंद्र सरकार के फैसले के बाद अब यूपी के पात्र कार्ड धारकों को हर महीने 10 किलो राशन मुफ्त मिलेगा। केंद्र ने प्रधानमंत्री गरीब कल्याण अन्न योजना(Pradhanmantri Garib Ann Kalyan Yojna) को मार्च 2022 तक बढ़ा दिया है। राशन कार्ड धारकों को महीने में दो बार गेहूं और चावल मुफ्त मिलेगा। दाल, खाद्य तेल और नमक भी मुफ्त दिया जाएगा। कोविड काल से चल रहे मुफ्त राशन वितरण के जरिये सरकार आर्थिक रूप से कमजोर गरीबों,मजदूरों को बड़ा सहारा देने की योजना पर काम कर रही है। महामारी के दौर में शुरू हुई प्रधानमंत्री गरीब कल्याण अन्न योजना नवंबर में खत्म हो रही थी, इसको देखते हुए मुख्यमंत्री योगी ने 3 नवंबर को अयोध्या में राज्य सरकार की ओर से होली तक मुफ्त राशन वितरण की घोषणा की थी।

राज्य सरकार से मिली जानकारी के अनुसार अंत्योदय राशन कार्डधारकों और पात्र परिवारों को दिसंबर से दोगुना राशन वितरण किया जाएगा। अंत्योदय अन्न योजना के तहत लगभग 1,30,07,969 इकाइयां और पात्र घरेलू कार्डधारकों की 13,41,77,983 इकाइयां प्रदेश में हैं।

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स्वामी विवेकानंद (Swami Vivekananda) [Wikimedia Commons]

सन् 1863 में बंगाल के कायस्थ (शास्त्री) परिवार में जन्मे स्वामी विवेकानंद (Swami Vivekananda) का मूल नाम नरेंद्रनाथ दत्त था। उन्होंने पश्चिमी शैली के विश्वविद्यालय में शिक्षा प्राप्त की, जहाँ उन्होंने पश्चिमी दर्शन , ईसाई धर्म और विज्ञान को जाना। हिंदू आध्यात्मिकता के बारे में बात करने के लिए अमेरिका जाने से पहले खेतड़ी के महाराज अजीत सिंह ने उन्हें 'विवेकानंद' नाम दिया था।

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