Never miss a story

Get subscribed to our newsletter


×
देश

प्रधानमंत्री मोदी ने ‘मन की बात’ में उठाए 6 अहम मुद्दे, पढ़ें

प्रधानमंत्री मोदी ने कहा, हम बहुत बारीकी से अगर देखेंगे, तो एक बात अवश्य ध्यान में आएगी - हमारे पर्व और पर्यावरण, इन दोनों के बीच एक बहुत गहरा नाता रहा है।

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी(फ़ाइल फोटो, PIB)

By: नवनीत मिश्र

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने रविवार को ‘मन की बात’ रेडियो कार्यक्रम के दौरान छह अहम मुद्दे उठाए। उन्होंने देश में खिलौना इंडस्ट्री को बढ़ाने की वकालत की तो पर्यावरण संरक्षण पर भी जोर दिया। आजादी के गुमनाम नायकों को याद करने की बात कही तो कोरोना काल में शिक्षकों के महत्व को भी बताया।


जानिए, पीएम मोदी के मन की छह प्रमुख बातें-

भारतीय नस्ल का कुत्ता पालें

प्रधानमंत्री मोदी ने भारतीय नस्ल के कुत्तों को पालने पर जोर दिया। उन्होंने कहा कि इंडियन काउंसिल ऑफ एग्रीकल्चर रिसर्च भारतीय नस्ल के डॉग्स पर रिसर्च कर रही है। आप इनकी खूबसूरती, इनकी क्वालिटी देखकर हैरान हो जाएंगे। अगली बार जब भी आप, डॉग पालने की सोचें, तो किसी इंडियन ब्रीड के डॉग को घर लाएं।

पर्व और पर्यावरण में गहरा नाता

प्रधानमंत्री मोदी ने पर्व और पर्यावरण में गहरा संबंध बताया। उन्होंने कहा, हम, बहुत बारीकी से अगर देखेंगे, तो एक बात अवश्य ध्यान में आएगी – हमारे पर्व और पर्यावरण, इन दोनों के बीच एक बहुत गहरा नाता रहा है। जहां एक ओर हमारे पर्वों में पर्यावरण और प्रकृति के साथ सह जीवन का संदेश छिपा होता है, वहीं दूसरी ओर कई सारे पर्व प्रकृति की रक्षा के लिए ही मनाए जाते हैं।

लोकल खिलौने बनाएं

प्रधानमंत्री मोदी ने देश में खिलौना कारोबार बढ़ाने की जरूरत पर जोर देते हुए कहा कि ग्लोबल टॉय इंडस्ट्री सात लाख करोड़ रुपये से भी अधिक की है। सात लाख करोड़ रुपये का इतना बड़ा कारोबार, लेकिन भारत का हिस्सा उसमें बहुत कम है। ऐसे में देश के स्टार्टअप मित्रों और नए उद्यमियों को लोकल खिलौने बनाने की दिशा में काम करने की जरूरत है।

यह भी पढ़ें: भारत में टीवी पर छाए रहे मोदी, राम मंदिर भूमिपूजन सर्वाधिक देखे जाने वाला कार्यक्रम बना

पोषण को बनाएं जनांदोलन

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने देश में पोषण को जनांदोलन बनाने की अपील की है। उन्होंने न्यूट्रिशन (पोषण) पर जोर देते हुए कहा कि सितंबर को पोषण माह के रूप में मनाया जाएगा। जिस तरह से स्कूलों की क्लास में रिपोर्ट कार्ड बनता है, उसी तरह से न्यूट्रिशियन कार्ड की भी शुरूआत की जा रही है। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने न्यूट्रिशन को जनांदोलन बनाने की अपील की।

शिक्षकों का महत्व

प्रधानमंत्री मोदी ने 5 सितंबर को शिक्षक दिवस पर चर्चा करते हुए पढ़ाई में तकनीक के उपयोग पर जोर दिया। प्रधानमंत्री मोदी ने कहा कि जिस तरह से देश में राष्ट्रीय शिक्षा नीति के जरिए एक बड़ा बदलाव होने जा रहा है, हमारे शिक्षक इसका भी लाभ छात्रों तक पहुंचाएं।

यह भी पढ़ें: मानसून सत्र में विपक्ष रहेगा आक्रामक, भाजपा तैयार

गुमनाम नायकों को करें याद

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने ‘मन की बात’ के दौरान विद्यार्थियों को जंगे आजादी के गुमनाम नायकों को याद करने का टास्क दिया। उन्होंने कहा कि वर्ष 2022 में हमारा देश स्वतंत्रता के 75 वर्ष का पर्व मनाएगा। किसी स्कूल के विद्यार्थी ठान सकते हैं कि वो आजादी के 75 वर्ष में अपने क्षेत्र के आजादी के 75 नायकों पर कविताएं लिखेंगे, नाट्य कथाएं लिखेंगे। आजादी के 75 वर्ष में उन्हें याद करना ही सच्ची श्रद्धांजलि होगी।(आईएएनएस)

Popular

नवजात के लिए माँ के दूध से कोविड संक्रमण का नही है कोई खतरा ( Pixabay )

Keep Reading Show less

5 राज्यों के विधानसभा चुनावों की तारीख़ की घोषणा के बाद कार्यकर्तओं के साथ प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी का पहला सवांद कार्यक्रम (Wikimedia Commons)


प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने आज वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के जरिए अपने संसदीय क्षेत्र वारणशी के भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) के बूथ स्तर के कार्यकर्ताओं से बातचीत की। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी भाजपा कार्यकर्ताओं से बात करते हुए कहा कि "उन्हें किसानों को रसायन मुक्त उर्वरकों के उपयोग के बारे में जागरूक करना चाहिए।"

नमो ऐप के जरिए प्रधान मंत्री नरेंद्र मोदी ने भाजपा के बूथ स्तर के कार्यकर्ताओं से बातचीत के दौरान बताया कि नमो ऐप में 'कमल पुष्प" नाम से एक बहुत ही उपयोगी एवं दिलचस्प सेक्शन है जो आपको प्रेरक पार्टी कार्यकर्ताओं के बारे में जानने और अपने विचारों को साझा करने का अवसर देता है। प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने नमो ऐप के सेक्शन 'कमल पुष्प' में लोगों को योगदान देने के लिए आग्रह किया। उन्होंने बताया की इसकी कुछ विशेषतायें पार्टी सदस्यों को प्रेरित करती है।

Keep Reading Show less

हुदा मुथाना वर्ष 2014 में आतंकवादी समूह आईएस में शामिल हुई थी। घर वापसी की उसकी अपील पर यूएस कोर्ट ने सुनवाई से इनकार कर दिया (Wikimedia Commons )

2014 में अमेरिका के अपने घर से भाग कर सीरिया के अतंकवादी समूह इस्लामिक स्टेट (आईएस) में शामिल होने वाली 27 वर्षीय हुदा मुथाना वापस अपने घर लौटने की जद्दोजहद में लगी है। हुदा मुथाना वर्ष 2014 में आतंकवादी समूह इस्लामिक स्टेट के साथ शामिल हुई साथ ही आईएस के साथ मिल कर सोशल मीडिया पर पोस्ट कर आतंकवादी हमलों की सराहना की और अन्य अमेरिकियों को आईएस में शामिल होने के लिए प्रोत्साहित किया था। हुदा मुथाना को अपने किये पर गहरा अफसोस है।

वर्ष 2019 में हुदा मुथाना के पिता ने संयुक्त राज्य अमेरिका (यूएस) के सुप्रीम कोर्ट में अमेरिका वापस लौटने के मामले पर तत्कालीन ट्रंप प्रशासन के खिलाफ मुक़द्दमा दायर किया था। संयुक्त राज्य अमेरिका (यूएस) के सुप्रीम कोर्ट ने गुरुवार को बिना किसी टिप्पणी के हुदा मुथाना के इस मामले पर सुनवाई से इनकार कर दिया।

Keep reading... Show less