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देश

अब भारतीय आसमान में गरजेंगे नए युग के आधुनिक विमान

अंबाला में कार्यक्रम की शुरूआत राफेल विमान की एक पारंपरिक 'सर्व धर्म पूजा' के साथ हुई। एयर डिस्प्ले के बाद राफेल विमान को पारंपरिक जल तोप की सलामी दी गई।

रक्षामंत्री राजनाथ सिंह के साथ फ्रांस की रक्षामंती फ्लोरेंस पार्ले। (PIB)

 पूर्वी लद्दाख में वास्तविक नियंत्रण रेखा पर चीन के साथ जारी तनाव के बीच रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह ने कहा है कि 5 राफेल लड़ाकू विमानों को सूचना मिलने पर बेहद कम समय में ही वहां तैनात किया जा सकता है। इन विमानों को फ्रांसीसी कंपनी डसॉ एविएशन ने बनाया है। हरियाणा के अंबाला एयर बेस पर गुरुवार को एक भव्य समारोह में राफेल विमानों की इंडक्शन सेरेमनी के दौरान सिंह ने इन विमानों के संचालन को लेकर कहा, “हमारी सीमाओं पर जिस तरह का वातावरण है और बनाया जा रहा है, उसे देखते हुए इन विमानों का इंडक्शन अहम है।”

राफेल विमान (Twitter)


उन्होंने यह भी कहा, “जिस तेजी के साथ भारतीय वायु सेना ने अपनी संपत्तियों को आगे के ठिकानों पर तैनात किया है, उसने भरोसा दिलाया है हमारी वायु सेना ऑपरेशंस को लेकर पूरी तरह से तैयार है।”

सिंह ने यह भी कहा कि मास्को की हालिया यात्रा के दौरान उन्होंने भारत का ²ष्टिकोण पूरी दुनिया के सामने स्पष्ट कर दिया है। सिंह ने कहा, “हम किसी भी स्थिति में अपनी संप्रभुता और क्षेत्रीय अखंडता से समझौता नहीं करेंगे। हम इसके लिए हर संभव प्रयास करने के लिए प्रतिबद्ध हैं।”

बता दें कि वह इस महीने की शुरूआत में शंघाई कोऑपरेशन ऑगेर्नाइजेशन के विदेश मंत्रियों की संयुक्त बैठक और कॉमनवेल्थ ऑफ इंडिपेंडेंट स्टेट्स कंट्रीज आदि की बैठक में हिस्सा लेने के लिए रूसी राजधानी गए थे।

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रक्षा मंत्री ने कहा, “राफेल का सेना में शामिल होना पूरी दुनिया के लिए एक बड़ा और कठोर संदेश है, विशेष रूप से उनके लिए जो हमारी संप्रभुता पर नजर रखते हैं।”

फ्रांस के रक्षा मंत्री फ्लोरेंस पार्ले भी इस समारोह का हिस्सा थे। इस मौके पर उन्होंने कहा, “यदि आप काव्यात्मक अंदाज में लें तो राफेल का मतलब हवा का झोंका कह सकते हैं लेकिन युद्ध के मैदान में इसका मतलब आग बरसाने वाला है।”

रक्षामंत्री राजनाथ सिंह के साथ फ्रांस की रक्षामंती फ्लोरेंस पार्ले। (Twitter)

भारतीय वायु सेना प्रमुख एयर चीफ मार्शल आर.के. भदौरिया ने कहा, “आज राफेल को शामिल कर दिया गया है। गोल्डन एरो सौभाग्यशाली है कि अब वो राफेल से लैस है।”

उन्होंने फ्रांसीसी वायुसेना को उसके सपोर्ट और टैंकर उपलब्ध कराने के लिए धन्यवाद भी दिया।

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बता दें कि राफेल 4.5 जनरेशन का विमान है, जो कि नए हथियार, बेहतर सेंसर और पूरी तरह से इंटीग्रेटेड आर्किटेक्चर से लैस है।

अंबाला में कार्यक्रम की शुरूआत राफेल विमान की एक पारंपरिक ‘सर्व धर्म पूजा’ के साथ हुई। एयर डिस्प्ले के बाद राफेल विमान को पारंपरिक जल तोप की सलामी दी गई।

राफेल एक ओमनी-रोल विमान है जिसका मतलब है कि यह एक बार में कम से कम चार मिशन कर सकता है। इस लड़ाकू विमान में हैमर मिसाइलें होती हैं।(आईएएनएस)

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डब्ल्यूएचओ यानीं विश्व स्वास्थ्य संगठन का मुख्यालय (wikimedia commons)

पूरी दुनिया एक बार फिर कोरोना वायरस अपना पांव पसार रहा है । डब्ल्यूएचओ यानीं विश्व स्वास्थ्य संगठन ने कहा है कि कोरोना वायरस का जो डेल्टा कोविड वैरिएंट संक्रामक वायरस का वर्तमान में प्रमुख प्रकार है, अब यह दुनिया भर में इसका फैलाव हो चूका है । इसकी मौजूदगी 185 देशों में दर्ज की गई है। मंगलवार को अपने साप्ताहिक महामारी विज्ञान अपडेट में वैश्विक स्वास्थ्य एजेंसी ने कहा, डेल्टा वैरिएंट में अब सेम्पल इकट्ठा करने की डेट जो कि 15 जून -15 सितंबर, 2021 के बीच रहेंगीं । जीआईएसएआईडी, जो एवियन इन्फ्लुएंजा डेटा साझा करने पर वैश्विक पहल के लिए है, एक ओपन-एक्सेस डेटाबेस है।

मारिया वान केरखोव जो विश्व स्वास्थ्य संगठन में कोविड-19 पर तकनीकी के नेतृत्व प्रभारी हैं , उन्होंने डब्ल्यूएचओ सोशल मीडिया लाइव से बातचीत करते हुए कहा कि , वर्तमान में कोरोना के अलग अलग टाइप अल्फा, बीटा और गामा का प्रतिशत एक से भी कम चल रहा है। इसका मतलब यह है कि वास्तव में अब दुनिया भर में कोरोना का डेल्टा वैरिएंट ही चल रहा है।

\u0915\u094b\u0930\u094b\u0928\u093e \u0935\u093e\u092f\u0930\u0938 कोरोना का डेल्टा वैरिएंट हाल के दिनों में दुनियाभर में कहर बरपाया है (pixabay)

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ऑस्ट्रेलिया का नक्शा (Wikimedia Commons)

ऑस्ट्रेलिया की शार्क प्रजातियों पर एक खतरा आ गया है। वहाँ 10 प्रतिशत से अधिक शार्क प्रजाति विलुप्त होने ही वाली है। समाचार एजेंसी सिन्हुआ की रिपोर्ट के अनुसार, राष्ट्रीय पर्यावरण विज्ञान कार्यक्रम (एनईएसपी) समुद्री जैव विविधता हब ने सभी ऑस्ट्रेलियाई शार्क, किरणों और घोस्ट शार्क (चिमेरा) के विलुप्त होने का मूल्यांकन प्रकाशित किया है।


ऑस्ट्रेलिया दुनिया की कार्टिलाजिनस मछली प्रजातियों के एक चौथाई से अधिक का घर है, इसमें 182 शार्क, 132 किरणें और 14 चिमेरे ऑस्ट्रेलियाई जलमार्ग में हैं। पीटर काइन जो चार्ल्स डार्विन विश्वविद्यालय (सीडीयू) के एक वरिष्ठ शोधकर्ता है और रिपोर्ट के प्रमुख लेखक है उन्होंने कहा कि तुरंत कार्रवाई की जरूरत है। पीटर काइन कहा, "ऑस्ट्रेलिया का जोखिम 37 प्रतिशत के वैश्विक स्तर से काफी कम है। यह उन 39 ऑस्ट्रेलियाई प्रजातियों के लिए चिंता का विषय है, जिनके विलुप्त होने का खतरा बढ़ गया है।"

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ब्रिटेन में पढ़ने के लिए राज्य छात्रवृत्ति मिली 6 आदिवासी छात्रों को।(Unsplash)

भारत के झारखंड राज्य में कुछ छात्रों का भविष्य उज्व्वल होने जा रहा है । क्योंकि झारखंड राज्य में छह छात्रों को राज्य के छात्रवृत्ति कार्यक्रम के तहत विदेश में मुफ्त उच्च शिक्षा मिलने जा रही है। राज्य के मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन और कल्याण मंत्री चंपई सोरेन राजधानी रांची में गुरुवार कोआयोजित होने वाले एक कार्यक्रम में छात्रवृत्ति योजना मारंग गोमके जयपाल सिंह मुंडा के तहत लाभार्थियों छात्रोंऔर उनके अभिभावकों को सम्मानित करने जा रहे है।

आप को बता दे की यह योजना राज्य सरकार द्वारा यूके और आयरलैंड में उच्च अध्ययन करने हेतु अनुसूचित जनजातियों के छात्रों के लिए शुरू की गई है। छात्रवृत्ति के पुरस्कार प्राप्त करने वाले छात्रों को विविध खर्चो के साथ-साथ ट्यूशन फीस भी पूरी तरह मिलेगी । इस योजना के अनुसार झारखंड राज्य में हर साल अनुसूचित जनजाति से 10 छात्रों का चयन किया जाएगा।

सितंबर में ब्रिटेन के 5 विभिन्न विश्वविद्यालयों में अपना अध्ययन कार्यक्रम शुरू करंगे 6 छात्र जिनको को चुना गया हैं।

अगर बात करे चयनित छात्रों की सूचि के बारे में तो इसमें से हरक्यूलिस सिंह मुंडा जो कि "यूनिवर्सिटी ऑफ लंदन " के "स्कूल ऑफ ओरिएंटल एंड अफ्रीकन स्टडीज" से एमए करने जा रहे हैं। "मुर्मू यूनिवर्सिटी कॉलेज ऑफ लंदन" से छात्र अजितेश आर्किटेक्चर में एमए करने जा रहे हैं। और वंहीआकांक्षा मेरी "लॉफबोरो विश्वविद्यालय" में जलवायु परिवर्तन, विज्ञान और प्रबंधन में एमएससी करेंगी, जबकि दिनेश भगत ससेक्स विश्वविद्यालय में जलवायु परिवर्तन, विकास और नीति में एमएससी करेंगे।

\u0938\u094d\u091f\u0942\u0921\u0947\u0902\u091f विश्वविद्यालय में पढ़ते हुए छात्र (pixabay)

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