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राजनीति

उत्तराखंड में सिर्फ "चुनावी फैक्टर" नहीं है नरेंद्र मोदी

आगामी पांच राज्यों में होने वाले चुनाव का बिगुल बज गया है और अब भाजपा जीत के लिए वापस से उनके मोदी नामक "ट्रम्प कार्ड" का इस्तेमाल करेगी।

गामी पांच राज्यों में होने वाले चुनाव का बिगुल बज गया है और अब भाजपा जीत के लिए वापस से उनके मोदी नामक "ट्रम्प कार्ड" का इस्तेमाल करेगी। (Wikimedia Commons)

अगले साल फरवरी-मार्च में होने वाले चुनावों का बिगुल बज चूका है। पाँचों राज्यों में चुनाव जीतने के लिए राजनितिक पार्टियां रणनीति बनाने में लगी। इन पांचों राज्यों में सबसे बड़ी नज़र भाजपा(Bhajpa) पर होगी क्योंकि पांच राज्यों में से तीन राज्यों में उसकी सत्ता है। पांच राज्यों में से उत्तराखंड(Uttarakhand) में भी चुनाव होने हैं जहां भाजपा ने इस साल 3 मुख्यमंत्री बदल दिए हैं। वर्तमान में मुख्यमंत्री पुष्कर धामी(Pushkar Dhami) हैं जिन्हे आए हुए कुछ ही महीने हुए हैं ऐसे में भाजपा के लिए उत्तराखंड का पूरा चुनाव प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी पर आ गया है।

सैन्य बाहुल्य राज्य उत्तराखंड में पिछले पांच सालों में नरेंद्र मोदी(Narendra Modi) की ऐसी छवि बन चुकी जिसे विपक्ष के लिए फिलहाल तोडना ना मुमकिन है। पिछले चुनाव में कांग्रेस में हुई बगावत और मोदी का जादू ही वो वजह था जिसने राज्य की 70 सीटों में से 57 सीटें भाजपा की झोली में दाल दी थी।


ऐसा नहीं है की प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी सिर्फ चुनावी मौकों पर ही उत्तराखंड आते हैं बल्कि वे समय-समय पर केदार धाम(Kedarnath) में भी हाज़री लगाते हैं। यह इन्ही प्रधानमंत्री के प्रयासों का नतीजा है जिससे केदार धाम 2013 की त्रासदी के बाद अपना पुराना स्वरूप लेने लगा है और आने वाले दिनों में और भी भव्य हो जाएगा। पहाड़ी राज्य का इतिहास बताता है की अभी तक कोई भी पार्टी राज्य की सत्ता पर लगातार दो बार काबिज़ नहीं हो पाई है। युवा मुख्यमंत्री धामी अभी जनता के बीच ज़्यादा लोकप्रिय नहीं है जिसका तोड़ भाजपा ने तीन महीने में प्रधानमंत्री की तीन यात्रा के रूप में निकाला है।

narendra modi, uttarakhand, pushkar singh dhami उत्तराखंड में आज तक कोई भी पार्टी लगातार दो बार सत्ता में नहीं आई है लेकिन अगर इस चुनाव में वापस "मोदी मैजिक" चलता है तो भाजपा इतिहास बदल सकती है। (Pixabay)

राज्य के सांसद और केंद्रीय मंत्री अजय भट्ट कहते हैं की राज्य के युवा प्रधानमंत्री में अपना आदर्श और राज्य के बुज़ुर्ग इन्हे अपने बेटे के रूप में देखते हैं। मोदी का यहां के लोगों के प्रति बहुत प्रेम है। यहां के लोग पीएम मोदी को अपने बीच का ही मानते हैं, वो जब भी यहां आये लोगों ने उनको सर आंखों पर बैठाया है, पीएम मोदी का सैनिकों के प्रति जो सम्मान है वो यहां के लोग बहुत पसन्द करते हैं, क्योंकि हम सैनिकों की भूमि से हैं। मोदी जी को यहां का हर वर्ग दिल से चाहता है। हमें खुशी है कि देश के प्रधानमंत्री हमारे छोटे राज्य को इतना महत्व देते हैं।

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राज्य में 5 साल के भीतर भाजपा ने तीन मुख्यमंत्री बदल दिए है जिसका विपक्ष भी कुछ ख़ासा इस्तेमाल नहीं कर पाई है। अब यह देखना दिलचस्प होगा की मोदी वापस से भाजपा की सत्ता में वापसी कराते हैं या भी कांग्रेस कोई करिश्मा कर राज्य में जीत जाती है।

Input-IANS ; Edited By- Saksham Nagar

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5 राज्यों के विधानसभा चुनावों की तारीख़ की घोषणा के बाद कार्यकर्तओं के साथ प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी का पहला सवांद कार्यक्रम (Wikimedia Commons)


प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने आज वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के जरिए अपने संसदीय क्षेत्र वारणशी के भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) के बूथ स्तर के कार्यकर्ताओं से बातचीत की। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी भाजपा कार्यकर्ताओं से बात करते हुए कहा कि "उन्हें किसानों को रसायन मुक्त उर्वरकों के उपयोग के बारे में जागरूक करना चाहिए।"

नमो ऐप के जरिए प्रधान मंत्री नरेंद्र मोदी ने भाजपा के बूथ स्तर के कार्यकर्ताओं से बातचीत के दौरान बताया कि नमो ऐप में 'कमल पुष्प" नाम से एक बहुत ही उपयोगी एवं दिलचस्प सेक्शन है जो आपको प्रेरक पार्टी कार्यकर्ताओं के बारे में जानने और अपने विचारों को साझा करने का अवसर देता है। प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने नमो ऐप के सेक्शन 'कमल पुष्प' में लोगों को योगदान देने के लिए आग्रह किया। उन्होंने बताया की इसकी कुछ विशेषतायें पार्टी सदस्यों को प्रेरित करती है।

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हुदा मुथाना वर्ष 2014 में आतंकवादी समूह आईएस में शामिल हुई थी। घर वापसी की उसकी अपील पर यूएस कोर्ट ने सुनवाई से इनकार कर दिया (Wikimedia Commons )

2014 में अमेरिका के अपने घर से भाग कर सीरिया के अतंकवादी समूह इस्लामिक स्टेट (आईएस) में शामिल होने वाली 27 वर्षीय हुदा मुथाना वापस अपने घर लौटने की जद्दोजहद में लगी है। हुदा मुथाना वर्ष 2014 में आतंकवादी समूह इस्लामिक स्टेट के साथ शामिल हुई साथ ही आईएस के साथ मिल कर सोशल मीडिया पर पोस्ट कर आतंकवादी हमलों की सराहना की और अन्य अमेरिकियों को आईएस में शामिल होने के लिए प्रोत्साहित किया था। हुदा मुथाना को अपने किये पर गहरा अफसोस है।

वर्ष 2019 में हुदा मुथाना के पिता ने संयुक्त राज्य अमेरिका (यूएस) के सुप्रीम कोर्ट में अमेरिका वापस लौटने के मामले पर तत्कालीन ट्रंप प्रशासन के खिलाफ मुक़द्दमा दायर किया था। संयुक्त राज्य अमेरिका (यूएस) के सुप्रीम कोर्ट ने गुरुवार को बिना किसी टिप्पणी के हुदा मुथाना के इस मामले पर सुनवाई से इनकार कर दिया।

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गूगल लॉन्च कर सकता है नया फोल्डेबल फोन जिसको कह सकते है "पिक्सल नोटपैड" (Pixabay)

सर्च ईंजन गूगल अपने पहले फ़ोल्डबल फ़ोन 'पिक्सल फोल्ड' को लॉन्च करने की योजना बना रही है। गूगल ने एक रिपोर्ट में दावा किया है कि इस फोल्डेबल फोन को पिक्सल नोटपैड कहा जा सकता है।
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नाइन टू फाइव गूगल के अनुसार, यह डिवाइस गैलेक्सी जेड फोल्ड 3 से कम कीमत की हो सकती है। इस फोल्डेबल डिवाइस की कीमत 1,799 डॉलर हो सकती है।

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