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दो हजार के चालान पर लोगों का अपना अपना मत- कोई सन्तुष्ट तो कोई असंतुष्ट

दिल्ली में कोरोना के बढ़ते मामलों को देखते हुए दिल्ली सरकार ने फैसला लिया है कि मास्क न पहनने वालों पर 500 रुपये की जगह अब 2000 का चालान काटा जाएगा।

त्योहारों की वजह से दिल्ली में कोरोना के मामलों में लगातार बढ़ोतरी हो रही है। (Unsplash)

दिल्ली में कोरोना के मामले बढ़ते जा रहे हैं और इस बढ़ते संक्रमण को देखते हुए दिल्ली सरकार ने लोगों पर सख्ती बरतना शुरू कर दी है। सरकार ने फैसला लिया है कि मास्क न पहनने वालों पर 500 रुपये की जगह अब 2000 का चालान काटा जाएगा। जिसको लेकर लोगों की अलग अलग प्रतिक्रियाएं सामने आ रही हैं। इनमें कुछ लोग सरकार के फैसले से सन्तुष्ट हैं, तो कुछ असंतुष्ट। दिल्ली के कनॉट प्लेस, जनपथ, खान मार्केट ये वो बाजार हैं, जहां हर वक्त हजारों की संख्या में लोगों की आवाजाही बनी रहती है।

चाणक्यपुरी एसडीएम गीता ग्रोवर ने आईएएनएस को बताया, “हम लोगों के पास अभी तक कोई आदेश नहीं आया है, हम आदेश का इंतजार कर रहे हैं। आदेश आने के बाद ही हम इन नियमों को लागू करेंगे। हमारी 10 से अधिक टीमें लोगों को जागरूक करने का काम कर रही हैं।”


“कनॉट प्लेस, खान मार्केट, पालिका बाजार और जनपथ मार्केट में नुक्कड़ नाटक व अन्य तरीकों से लोगों को जागरूक करने का अभियान चलाया जा रहा है।”

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दरअसल दिल्ली पुलिस की तरफ से भी लोगों के फिलहाल 500 रुपये के ही चालान किए जा रहे हैं।

“दिल्ली पुलिस को सरकार की तरफ से 2000 रुपये के चालान काटने का जब नोटिफिकेशन मिल जाएगा, पुलिस 2000 का चालान काटना शुरू कर देगी।”

हालांकि कनॉट प्लेस में घूमने आए लोग और मार्केट में जो लोग दुकान चला रहे हैं, उनके इस फैसले पर अलग अलग विचार हैं।

दिल्ली निवासी विशाल बाजपेयी ने बताया, “लोगों को शुरूआत में काफी समस्याएं आएंगी, लेकिन बाद में चालान का जो डर होगा, उससे फायदा होगा। लोगों को सीखने को भी मिलेगा कि ज्यादा से ज्यादा मास्क लगाया जाए।”

दिल्ली में लॉकडाउन ना करने और मास्क पहनने पर ज़ोर दिया जा रहा है। (Unsplash)

कनॉट प्लेस मार्केट में एक ऑटो चालक ने बताया, “2 हजार रुपये का चालान काटना फिर भी ठीक है, लेकिन लॉकडाउन नहीं लगना चाहिए। जिस व्यक्ति का चालान कटेगा, उस वक्त सिर्फ वही भरेगा लेकिन लॉकडाउन लगने से हर कोई परेशान होगा।”

कनॉट प्लेस में दुकानदार मनोज ने बताया, “अगर कोई व्यक्ति काम करने के लिए बाहर निकलता है, तो वह 2000 कहां से लेकर आएगा, जिनके पास पैसा होगा ही नहीं वो कहां से इतना महंगा चालान भरेंगे। सरकार को इस बारे में सोचना चाहिए, कोरोना समय में हर किसी की आर्थिक स्थिति भी खराब हो चुकी है।”

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मार्केट में पान की दुकान चला रहे कुलदीप मिश्रा ने बताया, “2000 का चालान काटना बिल्कुल सही है, लेकिन जो लोग खाने पीने के लिए बाहर निकलते हैं, उनको तो छूट देनी चाहिए क्योंकि अगर कोई कुछ खाएगा तो वह अपना मास्क नीचे जरूर करेगा। ऐसे में कोई उनकी तस्वीर खींचकर और चालान कर देगा तो इससे लोग परेशान हो जाएंगे।”

खान मार्केट ट्रेडर्स एसोसिएशन के अध्यक्ष संजीव मेहरा ने आईएएनएस को बताया, “मुख्यमंत्री के साथ दिल्ली के अन्य एसोसिएशन की बातचीत हुई। इस बातचीत के दौरान मुख्यमंत्री ने हम लोगों से कहा कि मैं लॉकडाउन नहीं लगाना चाहता हूं, लेकिन आप सभी लोगों का सहयोग चाहिए। आप सभी एसोसिएशन के मेंबर्स बाजारों में नियमों का पालन कराना सुनिश्चित करें और एक समय के अंतराल पर बाजार को सैनिटाइज भी कराएं।” (आईएएनएस)

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