Never miss a story

Get subscribed to our newsletter


×
देश

दिल्ली की गलियों में सोशल डिस्टेंसिंग का सरेआम बन रहा तमाशा

दिल्ली के स्वास्थ्य मंत्री सत्येंद्र जैन ने कहा, "त्योहारों का सीजन है, खरीदारी के लिए बाजारों में कई जगहों पर बहुत भीड़ भी है। लोगों से अपील है कि जब तक वैक्सीन न मिले अपने मास्क को हो वैक्सीन मानें और मास्क जरूर लगाएं।"

दिल्ली में कोरोना की एक और लहर तेजी से बढ़ रही है। (Unsplash)

राजधानी दिल्ली में एक ओर जहां तेजी से कोरोना संक्रमण बढ़ रहा है, वहीं त्योहारों का मौसम शुरू होते ही दिल्ली के बाजारों में बेतहाशा भीड़ भी बढ़ने लगी हैं। इस भीड़ में सोशल डिस्टेंसिंग की धज्जियां सरेआम उड़ाई जा रही हैं। न तो दुकानदार सोशल डिस्टेंसिंग का पालन कर रहे हैं और न ही खरीदार सावधानी बरत रहे हैं। पुरानी दिल्ली के सदर बाजार में दिवाली से जुड़े सजावटी सामान की होलसेल एवं खुदरा दुकाने हैं। यहां हजारों लोग खरीदारी के लिए प्रतिदिन आ रहे हैं। इसी को देखते हुए अब यहां कई इलाकों में वाहनों के प्रवेश पर प्रतिबंध लगा दिया गया है।

यहां ज्यादातर थोक दुकानदार हैं। ऐसे में यहां खरीदारी के साथ साथ सड़क पर ही लोडिंग का काम भी जारी था। सड़क की दोनों पटरियों पर चूड़ियां, आर्टिफिशियल ज्वेलरी और सजावटी सामान की दुकानों से घिरी थीं।


कोरोना के मामले 7000 के पार पहुंचने के बावजूद सैकड़ों लोग अभी भी इस बाजार में बिना मास्क के घूम रहे हैं। केवल खरीदार ही नहीं कई दुकानदार भी इस प्रकार की लापरवाही में शामिल हैं। सदर बाजार में दुकान चलाने वाले अनमोल टंडन ने कहा, “मार्केट एसोसिएशन कई बार सावधानी बरतने की अपील कर चुका है। बावजूद इसके कई दुकानदार एवं कर्मचारी अभी भी लापरवाही बरत रहे हैं।”

यह भी पढ़ें – इस दिवाली वोकल फॉर लोकल पर दिया जाएगा ज़्यादा ध्यान

एक अन्य दुकानदार रोहन जैन ने कहा, “बाजार में जितनी भीड़ है, उसको देखते हुए कोरोना से बचाव का कोई भी उपाय लागू ही नहीं किया जा सकता। न तो बाजार में और न ही दुकानों के अंदर सोशल डिस्टेंसिंग के लिए जगह बची है। हां मास्क एक अनिवार्यता है जिसका पालन अधिकांश लोग कर रहे हैं।”

करावल नगर से सदर बाजार खरीदारी करने आई सुनीता शर्मा और लक्ष्मी बोरा ने कहा, “यहां इतनी भीड़ है कि महज कुछ कदमों का फासला तय करने में ही दर्जनों व्यक्ति एक दूसरे को टच कर रहे हैं। ऐसे में सिर्फ मास्क पहनने से कितना बचाव हो पाएगा।”

त्योहारों का मौसम शुरू होते ही दिल्ली के बाजारों में बेतहाशा भीड़ भी बढ़ने लगी है। (Unsplash)

सरोजनी मार्केट शॉपकीपर्स एसोसिएशन के वाइस प्रेसिडेंट सुरजीत सिंह ने आईएएनएस को बताया, “महामारी में भीड़ का बहुत बुरा हाल हो चुका है। ग्राहकों को हम नहीं रोक सकते वो हमारी रोजी रोटी हैं। स्थानीय प्रशासन को इस पर संज्ञान लेना चाहिए और जल्द ही कोई ठोस कदम उठाने चाहिए।”

“मार्केट में कुल 200 दुकाने हैं जो एसोसिएशन से जुड़ी हुई हैं और करीब 200 ही सड़क किनारे बैठे पटरी वाले हैं। इनके अलावा जितने भी सड़क किनारे सामान बेच रहे हैं वो अवैध रूप से बाजार में मौजूद हैं।”

यह भी पढ़ें – पानी किया बर्बाद तो लगेगा जुर्माना

एनडीएमसी इंफोर्समेंट डायरेक्टर विजय गौतम ने आईएएनएस को बताया, “एनडीएमसी में हर दिन 30 से 40 चालान काटे जा रहे हैं। हम कल से अपने स्टाफ को बाजारों में माइक लेकर भेजेंगे जो कोरोना से बचाव को लेकर अनाउसमेंट भी करेंगे।”

सोमवार को राजधानी दिल्ली के सदर बाजार के अलावा चांदनी चौक, नई सड़क, दरीबा कलां, क्लॉथ मार्केट आदि सभी बाजारों में ऐसी ही भीड़ रही। यहां सैकड़ों लोग बिना मास्क के घूमते नजर आए।

दिल्ली के स्वास्थ्य मंत्री सत्येंद्र जैन। (Twitter)

दिल्ली के स्वास्थ्य मंत्री सत्येंद्र जैन ने कहा, “त्योहारों का सीजन है, खरीदारी के लिए बाजारों में कई जगहों पर बहुत भीड़ भी है। इसके अलावा भी कोरोना के मामले बढ़ने के कई अन्य कारण भी हैं। लोगों से अपील है कि जब तक वैक्सीन न मिले अपने मास्क को हो वैक्सीन मानें और मास्क जरूर लगाएं।”

चांदनी चौक में जहां खरीदारी करने के लिए भारी भीड़ नजर आई। वहीं सामान से लदा ठेला, गाड़ियां, दुकानों के आगे लगी पटरियां इसके अलावा स्वयं दुकानदारों द्वारा फुटपाथ पर किए गए अतिक्रमण के कारण लोगों को चलने का रास्ता तक नहीं मिला, जिससे भीड़ में और ज्यादा इजाफा हो गया।

यह भी पढ़ें – अयोध्या में भक्तों के लिए भगवान राम का लेज़र अवतार

अपनी शादी की खरीदारी करने दक्षिण दिल्ली से चांदनी चौक आए धनंजय ने कहा, “हम लोग पिछले 1 सप्ताह से भीड़ कम होने का इंतजार कर रहे थे। सुबह जल्दी पहुंचने के बावजूद हमें यहां बेहिसाब भीड़ का सामना करना पड़ा। बाजार में वाहनों की आवाजाही पूरी तरह से प्रतिबंधित है, बावजूद इसके यहां तो लोगों का जैसे हुजूम ही आ गया है।”

गौरतलब है कि बीते 24 घंटों के दौरान ही दिल्ली में 7745 कोरोना के नए मामले सामने आए हैं। इन्हीं 24 घंटों के दौरान 77 लोगों की कोरोना से मृत्यु हो गई। दिल्ली में अभी तक कोरोना से 6989 व्यक्तियों की मृत्यु हो चुकी है। दिल्ली में कोरोना की जो टेस्टिंग की गई उसमें 15.26 फीसदी लोग कोरोना पॉजिटिव निकले हैं। (आईएएनएस)

Popular

प्रमुख हिंदू नेता और श्री नारायण धर्म परिपालन योगम के महासचिव वेल्लापल्ली नतेसन (wikimedia commons)

हमारे देश में लव जिहाद के जब मामले आते है , तब इस मुद्दे पर चर्चा जोर पकड़ती है और देश कई नेता और जनता अपनी-अपनी राय को वयक्त करते है । एसे में एक प्रमुख हिंदू नेता और श्री नारायण धर्म परिपालन योगम के महासचिव वेल्लापल्ली नतेसन ने सोमवार को एक बयान दिया जिसमें उन्होनें कहा कि यह मुस्लिम समुदाय नहीं बल्कि ईसाई हैं जो देश में धर्मांतरण और लव जिहाद में सबसे आगे हैं।

मीडिया रिपोर्ट के अनुसार एनडीए के सहयोगी और भारत धर्म जन सेना के संरक्षक वेल्लापल्ली नतेसन नें एक कैथोलिक पादरी द्वारा लगाए गए आरोपों पर प्रतिक्रिया दी , जिसमे कहा गया था हिंदू पुरुषों द्वारा ईसाई धर्म महिलाओं को लालच दिया जा रहा है। नतेसन नें पाला बिशप जोसेफ कल्लारंगट की एक टिप्पणी जो कि विवादास्पद "लव जिहाद" और "मादक जिहाद" की भी जमकर आलोचना की और यह कहा कि इस मुद्दे पर "मुस्लिम समुदाय को निशाना बनाना सही नहीं है"।

Keep Reading Show less

महंत नरेंद्र गिरि (Wikimedia Commons)

अखिल भारतीय अखाड़ा परिषद के अध्यक्ष महंत नरेंद्र गिरि की सोमवार को संदिग्ध हालात में मौत हो गई। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने अखिल भारतीय अखाड़ा परिषद के अध्यक्ष महंत नरेंद्र गिरि को बाघंबरी मठ स्थित उनके आवास पर श्रद्धांजलि दी। मुख्यमंत्री ने कहा कि दोषियों को जांच के बाद सजा दी जाएगी। उन्होंने कहा ''यह एक दुखद घटना है और इसी लिए अपने संत समाज की तरफ से, प्रदेश सरकार की ओर से उनके प्रति श्रद्धांजलि व्यक्त करने के लिए में स्वयं यहाँ उपस्थित हुआ हूँ। अखाड़ा परिषद और संत समाज की उन्होंने सेवा की है। नरेंद्र गिरि प्रयागराज के विकास को लेकर तत्पर रहते थे। साधु समाज, मठ-मंदिर की समस्याओं को लेकर उनका सहयोग प्राप्त होता था। उनके संकल्पों को पूरा करने की शक्ति उनके अनुयायियों को मिले''

योगी आदित्यनाथ ने कहा '' कुंभ के सफल आयोजन में नरेंद्र गिरि का बड़ा योगदान था। एक-एक घटना के पर्दाफाश होगा और दोषी अवश्य सजा पाएगा। मेरी अपील है सभी लोगों से की इस समय अनावश्यक बयानबाजी से बचे। जांच एजेंसी को निष्पक्ष रूप से कार्यक्रम को आगे बढ़ाने दे। और जो भी इसके लिए जिम्मेदार होगा उसको कानून की तहत कड़ी से कड़ी सजा भी दिलवाई जाएगी।

Keep Reading Show less

By: कम्मी ठाकुर, स्वतंत्र पत्रकार एवं स्तम्भकार, हरियाणा

केजरीवाल सरकार की झूठ, फरेब, धूर्तता और भ्रष्टाचार की पोल खोलता 'बोल रे दिल्ली बोल' गीतरुपी शब्दभेदी बाण एकदम सटीक निशाने पर लगा है। सुभाष, आजाद, भगतसिंह जैसे आजादी के अमर शहीद क्रांतिकारियों के नाम व चेहरों को सामने रखकर जनता को बेवकूफ बना सुशासन ईमानदारी और पारदर्शिता का सब्जबाग दिखाकर सत्ता पर काबिज हुए अरविंद केजरीवाल की आम आदमी पार्टी सरकार आज पूरी तरह से मुस्लिम तुष्टिकरण, भ्रष्टाचार, कुशासन एवं कुव्यवस्था के दल-दल में धंस चुकी है। आज केजरीवाल का चाल, चरित्र और चेहरा पूरी तरह से बेनकाब हो चुका है। दिल्ली में कोविड-19 के दौरान डॉक्टरों सहित सैकड़ों विभिन्न धर्म-संप्रदाय के मेडिकल स्टाफ के लोगों ने बतौर कोरोना योद्धा अपनी जाने गंवाई थी। लेकिन उन सब में केजरीवाल के चश्मे में केवल मुस्लिम डॉक्टर ही नजर आया, जिसके परिजनों को 'आप सरकार' ने एक करोड़ की धनराशि का चेक भेंट किया। किंतु बाकी किसी को नहीं बतौर मुख्यमंत्री यह मुस्लिम तुष्टिकरण, असंगति, पक्षपात आखिर क्यों ?

Keep reading... Show less